Uttarakhand
जिला पूर्ति विभाग की बड़ी कार्रवाई, 10 घरेलू गैस सिलेंडर जब्त
हरिद्वार: मध्य एशिया तनाव के बीच पूरी दुनिया में ईंधन और रसोई गैस की आपूर्ति प्रभावित हुई है. इसके चलते उत्तराखंड समेत भारत के कई हिस्सों में लोग अब रसोई गैस सिलेंडरों के अवैध भडारण और व्यवसायिक उपयोग की कोशिश कर रहे हैं, ऐसा ही एक मामला हरिद्वार जिले से सामने आया है. जहाँ पर जिलाधिकारी मयूर दीक्षित के सख्त निर्देश पर जिला पूर्ति विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है. जिला पूर्ति विभाग ने घरेलू गैस सिलेंडरों का व्यावसायिक उपयोग करने वाले व्यापारियों के 10 सिलेंडर जब्त किए हैं.
हरिद्वार में जिला पूर्ति विभाग का छापा
जिलाधिकारी हरिद्वार के सख्त निर्देशों पर जिला पूर्ति विभाग की टीम ने कई होटलों, ढाबों और रेस्टोरेंट्स पर छापेमारी की. बीते दिन 15 व्यापारिक प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया गया. जिला पूर्ति अधिकारी मुकेश पाल ने जानकारी दी कि उनकी टीम ने नवोदय नगर, बहादराबाद में 5 सिलेंडर और तहसील भगवानपुर से 5 सिलेंडर बरामद किए.

10 घरेलू गैस सिलेंडर जब्त
जिला पूर्ति विभाग ने घरेलू गैस सिलेंडरों का व्यावसायिक उपयोग करने वाले व्यापारियों के 10 सिलेंडर जब्त किए हैं. आरोपियों पर अब भारत सरकार के आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत कार्रवाई की जा रही है. साथ ही जिलाधिकारी ने प्राकृतिक गैस आपूर्ति विनियमन आदेश 2026 का पालन सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए हैं. घरेलू गैस के व्यावसायिक उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध व्यापारियों को सख्त चेतावनी दी गई है.
प्रत्येक गैस एजेंसी के लिए नोडल अधिकारी नियुक्त
हरिद्वार जिले में गैस और ईंधन की कालाबाजारी और भंडारण पर रोक लगाने के लिए 41 गैस एजेंसियों के लिए 41 नोडल अधिकारी नामित किए गए हैं. इसके आलावा विभाग की ओर से नियमित निरीक्षण और अनुश्रवण किया जाएगा. एलपीजी, सीएनजी और प्राकृतिक गैस के अवैध भंडारण और नियमों का उल्लंघन करने पर कड़ी कार्रवाई की की जाएगी.

