Uttarakhand
KVM स्कूल में भीषण आग से मची दहशत, दो बस समेत एक हैवी जनरेटर में लगी आग
हल्द्वानी : मंगलवार शाम हल्द्वानी के मुखानी स्थित केवीएम स्कूल की बस में अचानक आग लगने से अफरातफरी मच गई चारों तरफ आग की लपटे और पूरे इलाके में धुएं का गुबार फैल गया बताया जा रहा है की आग की शुरुआत एक स्कूल बस को स्टार्ट करने के दौरान उसमें हुए शोर्ट सर्किट के कारण हुई उसके बाद आग इतनी तेजी से फैली कि स्कूल की दो बस समेत एक हैवी जनरेटर को अपनी चपेट में ले लिया। स्तानीय लोगों द्वारा हादसे की सुचना मिलता ही दमकल विभाग की 2 गाड़िया और पुलिस की टीम केवीएम स्कूल के लिया तुरंत रवाना हुई और करीब आधे घंटे की मशक्कत के बाद आग पर पूरी तरह से काबू पाया गया।
संकरा रास्ता और भीड़ पुलिस-दमकल के लिए बने सबसे बड़ी चुनौती : संकरा रास्ता और आग की वजह से लगे जाम की वजह से पुलिस प्रशासन और दमकल की गाडियों को घटना इस्थल तक पहुचने के लिए भीड़ को हटाना पड़ा और स्कूल के भीतर जाने का रास्ता संकरा होने के कारण दमकल कर्मियों को गाड़ियां अंदर ले जाने में भारी मशक्कत करनी पड़।
करोड़ों के नुकसान का आकलन : इस हादसे में स्कूल की दो बस और बिजली बैकअप के लिए रखा एक हैवी जनरेटर पूरी तरह जलकर बर्बाद हो गये। गनीमत रही की ग्रीष्मकालीन अवकाश के चलते स्कूल में कोई भी मौजूद नहीं था और किसी भी व्यक्ति को हनी नहीं हुई ।
हल्द्वानी अग्निकांड ने खोली फायर सेफ्टी दावों की पोल, क्या स्कूल के पास थी वैध NOC : इस घटना के बाद स्कूल प्रशासन की फायर सेफ्टी को लेकर बड़ा सवाल उठता है। क्या स्कूल के पास आवश्यक सुरक्षा उपकरण उपलब्ध नहीं थे ? क्या होता अगर ये हदशा स्कूल टाइम में होता ? मसुमु की जिंदगी के साथ खिलवाड़ की जिम्मदारी कौन लेता ? एसे कई सवाल है जो स्कूल सेफ्टी के दावो की पोल खोलता हा।
अग्निकांड के बाद प्रशासन ने शुरू की हर बिंदु पर गहन कार्रवाई : मामले की गंभीरता को देखते हुए जिला प्रशासन और फायर डिपार्टमेंट ने हर बिंदु पर गहन कार्रवाई शुरू कर दी है। जांच का मुख्य केंद्र यह है कि क्या स्कूल प्रबंधन के पास वैध फायर NOC (अनापत्ति प्रमाण पत्र) मौजूद थी और क्या परिसर में लगे अग्निशमन उपकरण चालू हालत में थे। प्रशासन ने साफ किया है कि यदि जांच में सुरक्षा मानकों की अनदेखी या किसी भी स्तर पर कागजी हेरफेर पाई जाती है, तो स्कूल प्रबंधन के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने समेत कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। हलाकि अभी भी आग लगने की वजह की जाच की जा रही है।
