Uttarakhand
Pauri News; कोटद्वार में कांग्रेस का BJP अध्यक्ष के खिलाफ प्रदर्शन, महेंद्र भट्ट को दिखाए काले झंडे
Pauri news : पौड़ी जिले समेत पूरे उत्तराखंड में अंकिता भंडारी को न्याय दिलाने की मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन लगातार तेज हो रहे हैं। ये मामला अभिनेत्री उर्मिला सनावर की वायरल वीडियो और रिकॉर्डिंग्स के माध्यम से दोबारा चर्चाओं में आया। जिसके बाद से ही विभिन्न संगठनों, राजनैतिक दल और आम नागरिक सड़कों पर उतरकर सरकार से निष्पक्ष कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि जब तक पूरे मामले की सच्चाई सामने नहीं आती, और तथाकथित वीआईपी को सजा नहीं मिल जाती तब तक आंदोलन जारी रहेगा।
कोटद्वार में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष का घेराव
इसी कड़ी में जब भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट कोटद्वार पहुंचे, तो कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने उनका काले झंडे दिखाकर विरोध किया। इसके साथ ही, कार्यकर्ताओं ने उनकी गाड़ियों को रोकने का प्रयास किया, जिससे कुछ समय के लिए स्थिति तनावपूर्ण हो गई। मौके पर मौजूद पुलिस ने हस्तक्षेप कर हालात को नियंत्रण में लिया।
ऑडियो क्लिप को लेकर लगाए गंभीर आरोप
प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि भाजपा के एक पूर्व विधायक की कथित धर्मपत्नी द्वारा जारी ऑडियो और सोशल मीडिया टिप्पणियों में अंकिता प्रकरण से जुड़े कई प्रभावशाली लोगों के नाम सामने आए हैं। इसी कारण, कांग्रेस नेताओं का दावा है कि मामले को दबाने और भटकाने की कोशिश की जा रही है, जो बेहद चिंताजनक है। अंकिता भंडारी हत्याकांड को लेकर प्रदेशभर में जन आक्रोश लगातार बढ़ रहा है। नतीजतन, अलग-अलग जिलों में धरना-प्रदर्शन, विरोध सभाएं और रैलियां आयोजित की जा रही हैं। आम जनता के साथ-साथ राजनीतिक संगठनों ने भी सीबीआई जांच की मांग को तेज कर दिया है।
यूथ कांग्रेस की सरकार को चेतावनी
शनिवार को कोटद्वार में हुए विरोध प्रदर्शन के दौरान जब स्थिति बिगड़ने लगी, तो पुलिस बल ने मोर्चा संभाला। इसके बाद, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट को सुरक्षा के बीच भीड़ से निकालकर आगे भेजा गया। जिससे किसी भी अप्रिय घटना को टाला जा सका। इस दौरान युवा कांग्रेस नेता अमित राज सिंह ने कहा कि अंकिता भंडारी पहाड़ की बेटी थी और इस हत्याकांड से जुड़े आरोप बेहद गंभीर हैं। उन्होंने साफ़ तौर पर बताया कि जब तक पूरे मामले की सीबीआई जांच नहीं होती और दोषियों को सजा नहीं मिलती, तब तक कांग्रेस और सहयोगी संगठन अपना आंदोलन जारी रखेंगे।
