Uttarakhand

चंपावत के 764 विद्यालयों की व्यवस्थाओं की डीएम ने की समीक्षा, आधारभूत सुविधाएं समयबद्ध पूरी करने के निर्देश।

Published

on

चंपावत :  जिलाधिकारी मनीष कुमार की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में शिक्षा विभाग के समग्र कार्यों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में जनपद के विद्यालयों में आधारभूत सुविधाएं, पीएम पोषण योजना, समग्र शिक्षा अभियान, पेयजल, बाउंड्री वॉल, शौचालय, विद्युत व्यवस्था, मिड-डे मील तथा आपदा से प्रभावित विद्यालयों के निर्माण एवं मरम्मत कार्यों की विस्तार से समीक्षा की गई।

चंपावत के 764 विद्यालयों की व्यवस्थाओं की डीएम ने की समीक्षा

जिलाधिकारी ने कहा कि प्रत्येक छात्र-छात्रा को सुरक्षित, स्वच्छ एवं बेहतर शैक्षिक वातावरण उपलब्ध कराना प्रशासन की प्राथमिकता है। उन्होंने निर्देश दिए कि जिन विद्यालयों में आधारभूत सुविधाओं का अभाव है, वहां संबंधित विभाग आपसी समन्वय से समयबद्ध कार्यवाही सुनिश्चित करें। उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी भी विद्यालय में मूलभूत सुविधाओं की कमी नहीं रहनी चाहिए। बैठक में जिलाधिकारी ने खंड शिक्षा अधिकारियों को जल संस्थान एवं जल निगम के साथ समन्वय स्थापित कर विद्यालयों में पेयजल की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही विद्यालय परिसरों में स्वच्छता, कार्यशील शौचालय, सुरक्षित विद्युत व्यवस्था और विद्यार्थियों के लिए आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने पर भी जोर दिया।

आधारभूत सुविधाएं समयबद्ध पूरी करने के निर्देश

उन्होंने संबंधित कार्यदायी संस्थाओं को निर्माण और मरम्मत कार्य गुणवत्ता के साथ निर्धारित समय सीमा में पूरा करने के निर्देश दिए। साथ ही आपदा से क्षतिग्रस्त विद्यालय भवनों के लिए शीघ्र प्रस्ताव शासन को भेजने तथा स्वीकृत कार्यों में तेजी लाने को कहा, ताकि विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित न हो। जिलाधिकारी ने पीएम पोषण योजना के तहत मिड-डे मील की गुणवत्ता, नियमितता और स्वच्छता बनाए रखने पर विशेष बल देते हुए बच्चों को निर्धारित मानकों के अनुरूप पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने विद्यार्थियों की नियमित उपस्थिति बढ़ाने, ड्रॉपआउट दर कम करने तथा शिक्षा की गुणवत्ता में निरंतर सुधार के लिए प्रभावी प्रयास करने को भी कहा।

विभिन्न योजनाओं और विकास कार्यों की प्रगति की जानकारी भी ली

मुख्य शिक्षाधिकारी मान सिंह ने बताया कि जनपद में कुल 764 विद्यालय संचालित हैं, जिनमें 644 शासकीय, 109 निजी और 11 अशासकीय सहायता प्राप्त विद्यालय शामिल हैं। इसके अतिरिक्त 4 केंद्रीय विद्यालय, 1 जवाहर नवोदय विद्यालय तथा 1 राजकीय नवोदय विद्यालय भी संचालित हैं। उन्होंने शिक्षा विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं और विकास कार्यों की प्रगति की जानकारी भी दी।



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Exit mobile version